भोपाल: मध्य प्रदेश में एक सप्ताह तक चला आंधी और बारिश का दौर खत्म हो चुका है. बारिश और ओलावृष्टि के बाद अब प्रदेश भीषण गर्मी की चपेट में आने वाला है. मौसम विभाग ने संकेत दे दिए हैं कि आने वाले दिनों में तापमान तेजी से बढ़ेगा और 16 अप्रैल से कई जिलों में लू का असर देखने को मिलेगा. मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले एक सप्ताह तक मौसम साफ बना हुआ है. ऐसे में आने वाले दिनों में तापमान की बढ़ोत्तरी जारी रहेगी.
मध्य प्रदेश में इन दिनों तापमान में लगातार बढ़ोतरी हो रही है. मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल के अनुसार अगले 3 से 5 दिनों में तापमान 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है. वर्तमान में जहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री के आसपास है, वहीं जल्द ही यह 43 से 45 डिग्री तक पहुंच सकता है. मौसम वैज्ञानिक दिव्या ई सुरेंद्रन ने बताया कि “तापमान में यह बढ़ोतरी राइजिंग टेंडेंसी का संकेत है, जो बताती है कि गर्मी अब अपने चरम की ओर बढ़ रही है. फिलहाल 15 अप्रैल तक हीटवेव का सीधा असर नहीं रहेगा, लेकिन इसके बाद स्थिति तेजी से बदलने वाली है.”

16 अप्रैल से हीटवेव का खतरा, कई जिलों में अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा 16 अप्रैल से प्रदेश के कई हिस्सों में हीटवेव को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है. मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी मध्य प्रदेश के बड़वानी, झाबुआ, रतलाम, धार, खंडवा और खरगोन जिलों में लू का असर ज्यादा रहेगा. वहीं, पूर्वी हिस्सों जैसे सीधी, सिंगरौली, मंडला और बालाघाट में भी गर्म हवाएं चलने की संभावना है. इन क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर लू के थपेड़े महसूस किए जाएंगे. जिससे दिन के समय बाहर निकलना मुश्किल हो सकता है.
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि “पिछले दिनों सक्रिय रहा मौसमी सिस्टम अब कमजोर हो चुके हैं. बारिश और ओलावृष्टि के कारण तापमान नीचे चला गया था, लेकिन अब वातावरण पूरी तरह शुष्क हो गया है. पश्चिमी विक्षोभ का असर भी इस बार मध्य प्रदेश पर खास नहीं पड़ेगा. ऐसे में 15 अप्रैल को सक्रिय हो रहा सिस्टम उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों तक सीमित रहेगा. वहीं प्रदेश में अगले 7 से 10 दिनों तक मौसम पूरी तरह शुष्क रहने का अनुमान है, जिससे धूप और गर्म हवाओं का असर लगातार बढ़ेगा.


